बसपा में आकाश फिर पैदल, छोटे भाई ईशान आनंद बने 15 राज्यों के मुख्य सेक्टर प्रभारी

✍️NNS Desk
बसपा में आकाश फिर पैदल, छोटे भाई ईशान आनंद बने 15 राज्यों के मुख्य सेक्टर प्रभारी

मायावती ने अपने उत्तराधिकारी समझे जाने वाले आकाश आनंद को एक बार फिर संगठन से साइडलाइन कर दिया है और उनकी जगह उनके छोटे भाई ईशान आनंद की धमाकेदार एंट्री कराई है. वहीं आकाश के इस तरह अचानक बेदखल होने के पीछे उनके ससुर अशोक सिद्धार्थ की भूमिका को जिम्मेदार माना जा रहा है.

ईशान आनंद को मुख्य सेक्टर प्रभारी बनाकर उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को छोड़कर देश के करीब 15 राज्यों में पार्टी संगठन के समीक्षा की कमान दी गई है. सोशल मीडिया पर आकाश समर्थक उनकी वापसी का ट्रेंड चला रहे हैं, तो वहीं 9 और 10 सितंबर को दिल्ली में मायावती की हाई-लेवल मीटिंग पर पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हैं.

सूत्रों के मुताबिक, आकाश आनंद पर हुई इस गाज के पीछे उनके ससुर अशोक सिद्धार्थ के साथ चल रही आंतरिक खींचतान को मुख्य वजह माना जा रहा है. वहीं आकाश के सियासी भविष्य को लेकर मायावती 9 या 10 सितंबर को दिल्ली में पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों संग महत्वपूर्ण बैठक करने जा रही हैं.

ससुर अशोक सिद्धार्थ पर गाज और विवाद: पार्टी सूत्रों के अनुसार, आकाश के ससुर अशोक सिद्धार्थ की कार्यशैली और समानांतर गतिविधियों के चलते मायावती ने यह कड़ा कदम उठाया है.

आकाश का सोशल मीडिया बायो बदला: बेदखली के बीच आकाश आनंद ने सोशल मीडिया हैंडल X पर अपना बायो बदलकर ‘बसपा कार्यकर्ता’ से अब केवल ‘बसपा समर्थक’ कर लिया है.

मायावती ने आकाश के छोटे भाई ईशान आनंद (ईशू) को मुख्य सेक्टर प्रभारी बनाकर करीब 15 राज्यों में सांगठनिक समीक्षा का बड़ा काम सौंपा है.मायावती ने ऑल इंडिया बैठक के दौरान कहा कि आकाश आनंद को अभी और राजनीतिक परिपक्वता हासिल करने की जरूरत है. ऐसे में अब आकाश का अपने बॉयो में सिर्फ बीएसपी सपोर्टर लिखने का मतलब है कि या तो आकाश को पार्टी से ही बाहर कर दिया गया है या फिर बायो चेंज कर मायावती पर एक बार फिर पद पाने के लिए आकाश आनंद दबाव की रणनीति अपना अपना रहे हैं.

9-10 सितंबर को दिल्ली में महामंथन: मायावती 9 और 10 सितंबर को दिल्ली में बसपा के शीर्ष पदाधिकारियों के साथ अहम बैठक करेंगी, जिसमें संगठन में बड़े बदलावों और आकाश आनंद की भूमिका पर अंतिम मुहर लग सकती है.

सोशल मीडिया पर समर्थकों का कैंपेन: आकाश आनंद के समर्थक एक्स (Twitter) और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर उनकी जल्द से जल्द संगठन में मुख्य भूमिका में वापसी की मांग कर रहे हैं.

उत्तर प्रदेश से और खबरें