कानपुर : अवैध खनन के खिलाफ पदयात्रा, मुख्यमंत्री से शिकायत करने निकला समाजसेवी

संवाददाता – विवेक पाल कानपुर में अवैध खनन के खिलाफ अब सड़क पर संघर्ष शुरू हो गया है। स्थानीय प्रशासन की कथित लापरवाही से नाराज़ एक समाजसेवी मुख्यमंत्री से शिकायत करने के लिए पदयात्रा पर निकल पड़ा है।मामला कानपुर के साढ़ कस्बे का है, जहां नरवल और घाटमपुर तहसील क्षेत्रों में अवैध मिट्टी खनन का आरोप लगाया जा रहा है। समाजसेवी का कहना है कि इस संबंध में पहले भी उच्च अधिकारियों को लिखित शिकायत दी गई थी, लेकिन कार्रवाई के नाम पर केवल आश्वासन मिला। जमीनी स्तर पर खनन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

मंदिर से शुरू हुई पदयात्रा
प्रशासनिक कार्रवाई से असंतुष्ट समाजसेवी ने अब पदयात्रा का रास्ता चुना है। पदयात्रा की शुरुआत साढ़ थाना परिसर स्थित मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद की गई। समर्थकों और स्थानीय लोगों की मौजूदगी में उन्होंने अवैध खनन और अधिकारियों की भूमिका की जांच की मांग उठाई।समाजसेवी का कहना है कि अवैध खनन से न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान हो रहा है, बल्कि पर्यावरण और ग्रामीणों की जमीन को भी भारी क्षति पहुंच रही है। लगातार चल रहे मिट्टी खनन से गांव की सड़कों की हालत खराब हो रही है और किसानों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन पर सवाल
स्थानीय लोगों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद खनन माफिया बेखौफ होकर काम कर रहे हैं। इससे प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। समाजसेवी ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
बढ़ी सियासी सरगर्मी
पदयात्रा के चलते साढ़ कस्बे में सामाजिक और सियासी हलचल तेज हो गई है। अब सबकी नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर है। देखना होगा कि इस पहल के बाद अवैध खनन पर रोक लगती है या नहीं।फिलहाल समाजसेवी की यह पदयात्रा स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।
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