कानपुर में 3 रॉटविलर कुत्तों ने महिला को 30 जगह काटा, घसीट-घसीटकर नोचा; हालत गंभीर

✍️NNS Desk
कानपुर में 3 रॉटविलर कुत्तों ने महिला को 30 जगह काटा, घसीट-घसीटकर नोचा; हालत गंभीर

कानपुर के चकेरी थानांतर्गत रामादेवी स्थित फेंड्स कॉलोनी में शनिवार शाम को एक कांग्रेसी नेता के भाई के घर पर घरेलू करने की बातचीत करने गई महिला को उनके घर पर में पले तीन रॉड विलर कुत्तों ने बुरी तरह से नोचा. जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई. वहीं महिला को किसी तरह से इलाके लोगों ने बताया और कांशीराम अस्पताल भेजा. जहां पर हालत गंभीर होने पर महिला को हैलेट रेफर कर दिया गया. वहीं कांशीराम अस्पतात के डॉक्टरों के अनुसार महिला को किसी बड़े जानवर ने ही नोचा है.

घाऊखेड़ा निवासी गीता अपनी सहपाठी के साथ शाम को कांग्रेसी नेता के भाई के घर घरेलू काम और खाना बनाने के लिए आई थीं. काम लगने की बात पूरी होने के बाद घर लौट रही थी तभी उनके घर पर पले तीन रॉडविलर कुत्तो ने हमले कर दिया. महिला को अनजान पाकर कुत्तों ने बुरी तरह से नोचा घसोटा. महिला ने किसी तरह से जान बचाई और घर के बाहर भागी तो कुत्ताें उसका पीछा कर घर के बाहर भी सड़क पर गिराकर 30 जगह नोचा घसोटा. आस पास के लोगों और राहगीरों ने देखा तो किसी तरह से कुत्तों को भगाया. फिर महिला को कांशीराम अस्पताल उपचार के लिए भेजा. जहां पर हालत गंभीर देख उन्हें कांशीराम से उन्हें हैलट अस्पताल रेफर कर दिया गया.

गीता के पति ज्योति प्रकाश निजी कंपनी में नौकरी करते हैं. वहीं पीड़िता का उपचार हैलेट अस्पताल में चल रहा है। एसीपी चकेरी आशुतोष सिंह ने बताया कि घर पर पले रॉडविलर कुत्तों ने हमला किया है. पीड़िता का इलाज चल रहा है। तहरीर मिलने पर मामला दर्ज कर कार्रवाई की जायेगी.

कुत्तो के हमले में में महिला के फटे कपड़े: प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार क्षेत्र निवासी सीमा दीक्षित ने बताया कि जब वह मौके पर पहुंचीं तो महिला खून से लथपथ हालत में पड़ी थीं. कुत्तों के हमले में उनके कपड़े तक फट गए थे. उन्होंने अपने दुपट्टे से महिला के शरीर को ढका और अन्य लोगों की मदद से उन्हें अस्पताल भिजवाया.

पहले भी इन कुत्तों के आतंक से हो चुकी हैं घटनायें: इलाके के राम गोपाल, रतन गुप्ता, संजय सिंह ने बताया कि इलाके में इन पालतू कुत्तों का आतंक लंबे समय से बना हुआ है. बच्चे पार्क में खेलने से डरते हैं और राहगीर भी उस रास्ते से गुजरने से कतराते हैं. उन्होंने दावा किया कि चार से छह महीने पहले एक पांच वर्षीय बच्ची अन्नी और 11 वर्षीय अभि भी कुत्तों का शिकार हो चुकी है. लोगों का आरोप है कि कुत्तों को अक्सर खुले में छोड़ दिया जाता है, जिससे वे सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर घूमते रहते हैं.

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