सीवर वाला पानी एक साल से पिलाये जाने पर फूटा गुस्सा, गड्ढे में उतरकर पार्षद का प्रदर्शन

✍️NNS Desk
सीवर वाला पानी एक साल से पिलाये जाने पर फूटा गुस्सा, गड्ढे में उतरकर पार्षद का प्रदर्शन

कानपुर के जूही क्षेत्र में पिछले एक साल से दूषित जलापूर्ति की समस्या को लेकर लोगों का गुस्सा सोमवार को सड़क पर उतर आया. पार्षद शालू सुनील कनौजिया ने महिलाओं के साथ जूही बारा देवी चौराहे पर गंदा और काला पानी लेकर गड्ढे में उतरकर जोरदार प्रदर्शन किया. प्रदर्शन के दौरान स्थानीय लोगों ने जल निगम और नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जल्द समाधान की मांग उठाई.

वार्ड 14 किदवई नगर सब्जी मंडी की पार्षद शालू सुनील कनौजिया ने बताया कि जूही के करीब 15 इलाकों में पिछले एक साल से लगातार काले और दूषित पानी की आपूर्ति हो रही है. कई बार अधिकारियों को शिकायत दी गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया है. उन्होंने आरोप लगाया कि दूषित पानी के कारण हजारों लोगों के स्वास्थ्य पर खतरा मंडरा रहा है. इतना ही नहीं लोगों को जहर जैसा पानी पिलाया जा रहा है.

पार्षद शालू कनौजिया ने बतया कि प्रभावित इलाकों की करीब 10 हजार की आबादी लंबे समय से गंदा पानी पीने को मजबूर है. स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी में बदबू आती है और उसका रंग काला हो जाता है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों में बीमारियों का खतरा बढ़ गया है.

इन इलाकों में वाटर सप्लाई से आ रहा गंदा पानी: जूही के संत रविदास नगर, बाथम का अड्डा, राखी मंडी, विनोबा नगर, बारा देवी, लक्ष्मणपुरवा समेत आसपास के लगभग डेढ़ दर्जन मोहल्लों में वाटर लाइन में गंदा पानी आ रहा है.

गंदा पानी पीने को मजबूर लोग: प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने बोतलों में भरा गंदा पानी दिखाते हुए कहा कि वह इसी पानी का इस्तेमाल पीने और घरेलू कार्यों में करने को मजबूर हैं. पार्षद ने चेतावनी दी कि अगर जल्द जलापूर्ति व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई तो क्षेत्रवासी जल निगम कार्यालय का घेराव करेंगे और आंदोलन को और तेज किया जाएगा.

स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षतिग्रस्त पाइपलाइन की तत्काल जांच कर उसे बदला जाए, ताकि क्षेत्रवासियों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा सके.

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