पति की रिहाई के लिए कोर्ट-कचहरी के चक्कर काट-काट थकी महिला ने आखिर मौत को गले लगाया

✍️NNS Desk
पति की रिहाई के लिए कोर्ट-कचहरी के चक्कर काट-काट थकी महिला ने आखिर मौत को गले लगाया

कानपुर के सेन पश्चिमपारा थाना क्षेत्र के खड़कपुर सोसाइटी में सुधा (50) ने शनिवार सुबह फंदा लगाकर जान दे दी. परिजन के अनुसार महिला के पति एक प्लॉट की फर्जी रजिस्ट्री के मुकदमे में बीते एक साल से जेल में बंद हैं. पति की रिहाई न होने से महिला काफी अवसाद में थी.

खड़कपुर सोसाइटी निवासी चंद्र किशोर सोनकर बिजली मैकेनिक थे. कुछ वर्ष पहले उन्होंने प्रॉपर्टी डीलिंग का काम शुरू किया था. परिवार में बेटियां पारुल, अंबिका, तनु और बेटा सुधांशु हैं. परिजन ने आरोप लगाया कि बीते साल दो जुलाई को चंद्र किशोर ने अपने पार्टनर शरद के कहने पर एक प्लॉट की फर्जी रजिस्ट्री अपने नाम करा ली थी. जानकारी होने पर मूल प्लॉट मालिक ने सेन पश्चिमपारा थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी. पुलिस ने चंद्र किशोर और शरद यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था.

तब से चंद्र किशोर जेल में हैं. बेटी अंबिका के अनुसार मां सुधा पिछले एक साल से पिता की जमानत कराने के लिए कचहरी के चक्कर लगा रही थीं लेकिन हर बार निराशा हाथ लगी. बीते शनिवार ही मां जेल में पिता से मिलाई करके आई थीं। शुक्रवार रात उन्होंने कमरे में फंदा लगा लिया.

सेनपश्चिम पारा थानाप्रभारी प्रदीप सिंह ने बताया कि पति को जमानत न होने से महिला अवसाद में थी. इसके चलते उन्होंने खुदकुशी की. पुलिस ने जांच कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.

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