अनंत चतुर्दशी व गणेश विसर्जन आज: बप्पा की विदाई के 4 मुहूर्त, जानें भद्रा और पंचक का समय

✍️NNS Desk
अनंत चतुर्दशी व गणेश विसर्जन आज: बप्पा की विदाई के 4 मुहूर्त, जानें भद्रा और पंचक का समय

10 दिन का बप्पा का महोत्सव आज समाप्त हुआ. आज यानी 25 सितंबर 2026 को देशभर में गणेश जी का विसर्जन किया जाएगा. इस दिन भक्त पूरे भाव और धूमधाम के साथ अपने प्रिय लाडले बप्पा को जल में प्रवाहित कर उनसे अगले बरस शीघ्र आने की प्रार्थना करते हैं. ज्योतिषीय गणना और पंचांग के अनुसार, आज गणेश विसर्जन के लिए दिन से लेकर शाम तक 4 सबसे श्रेष्ठ शुभ मुहूर्त प्राप्त हो रहे हैं.

सनातन धर्म में भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि यानी अनंत चतुर्दशी का दिन अत्यंत पवित्र और फलदायी माना जाता है. इस दिन जहां एक ओर भगवान श्री हरि विष्णु के ‘अनंत’ रूप की पूजा की जाती है और 14 गांठों वाला अनंत सूत्र बांधा जाता है.

इसके साथ ही, आज के दिन पूजा और विसर्जन करते समय भद्रा और पंचक की स्थिति का ध्यान रखना भी बेहद आवश्यक माना गया है. आइए जानते हैं आज शाम तक के विसर्जन मुहूर्त. 

गणेश विसर्जन के शुभ मुहूर्त

अपराह्न मुहूर्त (शुभ)- दोपहर 12 बजकर 13 मिनट से लेकर 1 बजकर 43 मिनट तक
अपराह्न मुहूर्त (चर)- शाम 4 बजकर 44 मिनट से लेकर 6 बजकर 14 मिनट तक
रात्रि मुहूर्त (लाभ)- रात 9 बजकर 14 मिनट से लेकर 10 बजकर 43 मिनट तक
रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर)- 12:13 ए एम से 04:42 ए एम, सितम्बर 26

आज भद्रा का समय: द्रिक पंचांग के अनुसार, आज भद्रा लगेगी, जो कि कल सुबह तक प्रभावी रहेगी. यानी आज भद्रा रात 11 बजकर 6 मिनट पर शुरू होगी और समापन 26 सितंबर की सुबह 6 बजकर 11 मिनट पर होगा. 

पंचक का समय: चंद्रमा के कुंभ राशि में विराजमान होने के कारण आज पंचक का प्रभाव भी बना हुआ है. आज पूरे दिन पंचक की छाया रहेगी.  धर्मशास्त्रों के अनुसार, पंचक में भगवान गणेश की मूर्ति का विसर्जन पूरी तरह से शास्त्रसम्मत और शुभ होता है. बस ध्यान रखें कि विसर्जन से पूर्व पंचक शांति के रूप में बप्पा के चरणों में कुशा (घास), अक्षत और ताजे पुष्प अर्पित करें और क्षमा प्रार्थना करके ही जल में प्रवाहित कराएं.

विसर्जन के समय ध्यान रखने योग्य जरूरी बातें

➤विसर्जन से ठीक पहले बप्पा को रोली-चंदन का तिलक लगाएं, 21 दूर्वा, मोदक और लाल फूल अर्पित करके आरती उतारें.
➤फिर, एक लाल कपड़े में थोड़ा अक्षत, दूर्वा, सिक्के और मोदक बांधकर बप्पा की मूर्ति के साथ रखें.
➤उसके बाद, आरती के बाद प्रतिमा को चौकी सहित 2 इंच आगे खिसका दें, जो कि प्रस्थान की अनुमति का प्रतीक है.
➤विसर्जन के समय मूर्ति को पानी में फेंकें नहीं, बल्कि बहुत ही आदरपूर्वक और धीरे-धीरे जल में विसर्जित करें.

अनंत चतुर्दशी पर चमत्कारी संयोग, 4 राशियां होंगी मालामाल: इस साल अनंत चतुर्दशी पर आकाश मंडल में एक दुर्लभ और बड़ा ज्योतिषीय संयोग बन रहा है. इस दिन कुंभ राशि में चंद्रमा और राहु की युति होने जा रही है, जिससे ‘ग्रहण योग’ का निर्माण होगा. इसके साथ ही, चंद्रमा का कुंभ राशि में प्रवेश होने के कारण इस दिन ‘पंचक’ का प्रभाव भी रहेगा. आइए जानते हैं कि कुंभ राशि में यह ग्रहण योग कितने वर्षों बाद बन रहा है और किन राशियों को इस योग के दौरान विशेष लाभ मिलने वाला है.

गणना के अनुसार, राहु एक राशि में लगभग 18 महीने (डेढ़ साल) तक विराजमान रहते हैं, जबकि चंद्रमा हर सवा दो दिन में राशि बदलते हैं. राहु का कुंभ राशि में गोचर कई वर्षों में एक बार आता है. यही कारण है कि अनंत चतुर्दशी के पावन पर्व पर कुंभ राशि में राहु और चंद्रमा का एक साथ आना लगभग 18 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद बन रहा दुर्लभ संयोग है.

वहीं, इस दिन चंद्रमा के धनिष्ठा, शतभिषा, पूर्वाभाद्रपद नक्षत्रों से गुजरने के कारण ‘पंचक’ की स्थिति भी बन रही है, जिसे धर्मशास्त्रों में शुभ कार्यों के लिए विचारणीय माना जाता है.

मेष राशि: आय में जबरदस्त उछाल और योजनाओं में सफलता

कैसा रहेगा प्रभाव: यह ग्रहण योग आपकी राशि के 11वें (आय व लाभ) भाव में बन रहा है.

मिलेंगे ये फायदे: राहु और चंद्र का 11वें घर में होना आर्थिक मोर्चे पर अत्यंत शुभ फल देता है. आपके आय के नए रास्ते खुलेंगे. पुराना रुका हुआ पैसा वापस मिल सकता है और व्यापार में कोई बड़ी डील फाइनल हो सकती है.

मिथुन राशि: भाग्य का साथ और विदेश से जुड़े काम में लाभ

कैसा रहेगा प्रभाव: चंद्रमा और राहु का यह योग आपकी राशि के 9वें (भाग्य व धर्म) भाव में बन रहा है.

मिलेंगे ये फायदे: भाग्य के सहयोग से आपके कई अटके हुए काम अचानक बनने लगेंगे. जो लोग उच्च शिक्षा, विदेश व्यापार या ऑनलाइन बिजनेस से जुड़े हैं, उन्हें कोई बड़ा अवसर मिल सकता है. धार्मिक यात्राओं के योग भी बन रहे हैं.

तुला राशि:अचानक धन लाभ और बौद्धिक सफलता

कैसा रहेगा प्रभाव: यह युति आपकी राशि के 5वें (बुद्धि, संतान व लाभ) भाव में बनने जा रही है.

मिलेंगे ये फायदे: तुला राशि पर इस समय अन्य शुभ ग्रहों का भी प्रभाव है. शेयर मार्केट या पुराने निवेश से अचानक आर्थिक लाभ होने की संभावना है. रचनात्मक और मीडिया क्षेत्र से जुड़े लोगों को बड़ा नाम और पहचान मिलेगी.

धनु राशि: पराक्रम में वृद्धि और करियर में बड़ा उछाल

कैसा रहेगा प्रभाव: चंद्रमा और राहु आपकी राशि के 3रे (पराक्रम व छोटे भाई-बहन) भाव में विराजमान रहेंगे.

मिलेंगे ये फायदे: आपका आत्मविश्वास चरम पर रहेगा. नौकरीपेशा जातकों को ऑफिस में कोई नई जिम्मेदारी या पदोन्नति (Promotion) मिल सकती है. विरोधियों पर आप भारी पड़ेंगे और आपकी कार्यशैली की सराहना होगी.

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