कानपुर में शीतलहर का कहर लगातार जारी है। रविवार सुबह घना कोहरा छाया रहा, जिससे शहर में विजिबिलिटी केवल 50 मीटर तक रह गई। उत्तर-पश्चिमी बर्फीली हवाओं के प्रभाव से गलन का एहसास भी हो रहा है, जिससे स्थानीय लोगों और यात्रियों के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं।मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटे में कानपुर का तापमान न्यूनतम 3.2°C दर्ज किया गया। विशेषज्ञों का कहना है कि इस समय लोग विशेष सावधानी बरतें क्योंकि कोहरे और ठंडी हवाओं के कारण सर्दी का प्रभाव शरीर पर तेज़ी से पड़ सकता है।

रविवार सुबह शहर की मुख्य सड़कों और एक्सप्रेस वे पर यात्रा करने वाले वाहन चालकों को कोहरे के कारण धीमी गति से चलने की सलाह दी गई है। विजिबिलिटी कम होने के कारण सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से चेतावनी जारी की है कि सुबह और शाम के समय अनावश्यक यात्रा टालें और वाहन चलाते समय हेडलाइट का प्रयोग करें।शीतलहर और कोहरे के इस मौसम में स्वास्थ्य पर भी विशेष ध्यान देना जरूरी है।

डॉक्टरों का कहना है कि ज्यादा देर तक ठंड में रहने से कमज़ोरी, सर्दी और वायरल संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है। बुजुर्ग और छोटे बच्चे इस समय विशेष रूप से संवेदनशील हैं। विशेषज्ञ सुझाव देते हैं कि गर्म कपड़े पहनें, गर्म पेय पदार्थ लें और ज्यादा बाहर निकलने से बचें।
कानपुर में इस बार की शीतलहर कई दिनों तक बनी रह सकती है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के लिए भी घने कोहरे और तेज़ उत्तर-पश्चिमी हवाओं की चेतावनी जारी की है। इससे न केवल ट्रैफिक प्रभावित हो सकता है बल्कि दैनिक जीवन में भी रुकावटें आ सकती हैं।शहरवासियों को सलाह दी जा रही है कि बिजली और हीटर का सुरक्षित उपयोग करें, और घर में पर्याप्त गर्मी बनाए रखें। इसके साथ ही, सर्दी के मौसम में घर के बाहर पालतू जानवरों और बूढ़े लोगों का विशेष ध्यान रखें।
