संतकबीरनगर: दो निरीक्षकों को DSP पद पर प्रमोशन, एसपी ने कंधों पर सितारे सजाकर किया सम्मानित

संतकबीरनगर, संतकबीरनगर: जनपद में पुलिस विभाग के लिए आज का दिन गौरव और सम्मान से भरा रहा, जब दो अनुभवी और कर्तव्यनिष्ठ निरीक्षकों को पदोन्नत कर पुलिस उपाधीक्षक (DSP) बनाया गया। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने निरीक्षक से DSP पद पर पदोन्नत हुए अशोक कुमार सिंह और सरोज शर्मा को उनके कंधों पर सितारे सजाकर सम्मानित किया।पुलिस कार्यालय में आयोजित इस गरिमामयी समारोह में अधिकारियों और कर्मचारियों की उपस्थिति के बीच दोनों अधिकारियों को बधाई दी गई। इस मौके पर एसपी संदीप कुमार मीना ने कहा कि पदोन्नति केवल पद का बदलाव नहीं है, बल्कि यह वर्षों की मेहनत, अनुशासन और विभाग के प्रति समर्पण का परिणाम है।

उन्होंने कहा कि अशोक कुमार सिंह और सरोज शर्मा ने अपनी सेवाओं के दौरान ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और पेशेवर दक्षता का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया है। इसी का परिणाम है कि आज उन्हें यह सम्मानजनक जिम्मेदारी सौंपी गई है।एसपी ने दोनों अधिकारियों से संवाद करते हुए यह भी कहा कि उच्च पद के साथ जिम्मेदारियां भी बढ़ जाती हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि दोनों अधिकारी अपनी नई भूमिका में भी पूरी निष्ठा और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी यह नई जिम्मेदारी जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
इस सम्मान समारोह के दौरान दोनों नवनियुक्त DSP अधिकारियों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए अपने वरिष्ठ अधिकारियों और विभाग का आभार व्यक्त किया। साथ ही उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि वे पुलिस विभाग की छवि को और मजबूत करने तथा जनता को न्याय दिलाने के लिए हमेशा तत्पर रहेंगे।
कार्यक्रम में उपस्थित अन्य पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी दोनों अधिकारियों को पुष्पगुच्छ भेंट कर शुभकामनाएं दीं। यह अवसर पूरे पुलिस विभाग के लिए प्रेरणादायक रहा, जहां वरिष्ठ अधिकारियों की उपलब्धि ने अन्य कर्मचारियों को भी बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के सम्मान और पदोन्नति समारोह पुलिस बल में मनोबल बढ़ाने का काम करते हैं। इससे कर्मचारियों में बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलती है और वे अपने कर्तव्यों का निर्वहन अधिक उत्साह के साथ करते हैं।
संतकबीरनगर पुलिस की यह पहल दर्शाती है कि विभाग अपने कर्मियों की मेहनत और समर्पण को पहचानता है और उन्हें समय-समय पर सम्मानित करता है। इससे न केवल पुलिस बल का मनोबल बढ़ता है, बल्कि जनता के बीच पुलिस की सकारात्मक छवि भी मजबूत होती है।इस तरह, निरीक्षक से DSP बने दोनों अधिकारियों की यह उपलब्धि न केवल उनके व्यक्तिगत करियर की बड़ी सफलता है, बल्कि पूरे पुलिस विभाग के लिए गर्व और प्रेरणा का स्रोत भी है।
उत्तर प्रदेश से और खबरें

झांसी-शिवपुरी हाईवे बना ‘मौत का गलियारा’? 100 मीटर तक बिखरे शव, NHAI पर उठे गंभीर सवाल
4 अप्रैल 2026
कानपुर देहात : ‘स्कूल चलो अभियान’ को रफ्तार: डीएम ने एलईडी प्रचार वाहन को दिखाई हरी झंडी
4 अप्रैल 2026
संतकबीरनगर: खलीलाबाद पुलिस ने सीखे तनाव प्रबंधन के गुर, ‘हार्टफुलनेस मेडिटेशन’ सत्र आयोजित
4 अप्रैल 2026