उज्जैन: मध्य प्रदेश के उज्जैन में इन दिनों मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के छोटे बेटे डॉ. अभिमन्यु यादव की शादी शहर की चर्चा का मुख्य विषय बनी हुई है। परंपरा, संस्कृति और आधुनिकता के अनूठे मेल वाली इस शादी ने एक बार फिर उज्जैन को राष्ट्रीय सुर्खियों में ला दिया है। सोशल मीडिया पर जो दृश्य सबसे ज्यादा वायरल हो रहा है, वह है दूल्हा-दुल्हन का बैलगाड़ी पर बैठकर जाना, जिसने लोगों का दिल जीत लिया है।

शादी के पूर्व आयोजित रस्मों में परिवार ने पूरी तरह पारंपरिक अंदाज़ को अपनाया है। हल्दी, मेहंदी और अन्य अनुष्ठानों में स्थानीय संस्कृति की झलक साफ दिखाई दी। खास बात यह रही कि पूरा आयोजन बिना किसी भव्यता, फिजूलखर्ची या दिखावे के, पूरी सादगी के साथ सम्पन्न किया गया। यही वजह है कि आम लोगों से लेकर सोशल मीडिया यूज़र्स तक, हर कोई इस शादी की तारीफ कर रहा है।
बैलगाड़ी में दूल्हा-दुल्हन की झलक ने शहर भर का ध्यान आकर्षित किया। दोनों पारंपरिक परिधान में शांत और खुश नजर आए। बैलगाड़ी को फूलों से सजाया गया था, और गांव की लोक संस्कृति का रंग इसमें स्पष्ट दिखाई दिया। लोगों का कहना है कि इस तरह की शादियां समाज में एक सकारात्मक संदेश देती हैं—कि परंपरा को अपनाते हुए भी आधुनिक जीवन का संतुलन बनाए रखा जा सकता है।
शादी का मुख्य समारोह 30 नवंबर 2025 को पवित्र मां शिप्रा नदी के तट पर आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के परिवार ने एक विशेष आयोजन किया है, जिसमें 21 जोड़े एक साथ 21 मंडपों में विवाह करेंगे। इस सामाजिक पहल की काफी प्रशंसा की जा रही है, क्योंकि यह सामूहिक विवाह की परंपरा को बढ़ावा देने के साथ-साथ समाज के जरूरतमंद वर्ग को सहारा भी प्रदान करती है।
उज्जैन में इन दिनों शादी को लेकर खास रौनक नजर आ रही है। स्थानीय लोग, प्रशासन और आम जनता पूरे उत्साह के साथ तैयारियों में जुटे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल बैलगाड़ी वीडियो इस शादी को और भी खास बना रहा है, और यह आयोजन लंबे समय तक चर्चा का विषय रहने वाला है।
