Delhi Blast Investigation: फरीदाबाद मॉड्यूल की पूछताछ में शाहीन के कथित काफ़ी बड़े खुलासे, अयोध्या-वाराणसी भी निशाने पर थे एजेंसियाँ जांच जारी

Delhi Blast Investigation– नई दिल्ली / फरीदाबाद / वाराणसी / अयोध्या। दिल्ली में हालिया ब्लास्ट मामले की जांच में सुरक्षा एजेंसियों को अब तक मिले सबूतों के बाद जांच का दायरा उत्तर प्रदेश के धार्मिक केंद्रों तक भी बढ़ गया है। सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, फरीदाबाद में गिरफ्तार मॉड्यूल की सदस्य डॉ. शाहीन (Shaheen Shahid) से पूछताछ में ऐसा कथित खुलासा हुआ है कि आतंकी नेटवर्क के निशाने पर सिर्फ दिल्ली नहीं बल्कि अयोध्या और वाराणसी जैसे धार्मिक स्थल भी थे।

सूत्रों का कहना है कि शाहीन ने जांचकर्ताओं को बताया कि वह कथित रूप से एक “स्लीपर मॉड्यूल” को सक्रिय करने की योजना में शामिल थी, जिसका उद्देश्य वाराणसी और अयोध्या में हमला करना था। हालांकि, सुरक्षा बलों की फरीदाबाद रेड में बारामद विस्फोटकों की खेप और गिरफ्तारियों के बाद इन योजनाओं को कार्यान्वित होने से रोका जा सका।
जांच एजेंसियों का यह भी दावा है कि शाहीन का नेटवर्क बाहरी कमान्डरों से संपर्क में था और उसके नाम का संबंध कुछ संगठनों से जोड़ा जा रहा है। गिरफ्तारियों और पूछताछ में यह भी कहा जा रहा है कि शाहीन ने कथित तौर पर महिलाओं को भर्ती करने और उन्हें प्रारंभिक प्रशिक्षण देने की गतिविधियों में भूमिका निभाई। एजेंसियां इस बात की भी जांच कर रही हैं कि क्या किसी मेडिकल प्रोफेशनल्स का दायरा भी इस नेटवर्क से जुड़ा हुआ था — फिलहाल इसे लेकर फोरेंसिक और डिजिटल साक्ष्यों की पड़ताल जारी है।
केंद्रीय एजेंसियां — NIA, ATS और स्थानीय पुलिस — मिलकर गिरफ्तारियों, बरामद सामग्रियों और पूछताछ के दावों की स्वतंत्र रूप से सत्यापन कर रही हैं। अधिकारियों ने कहा है कि अभी तक जो भी बयान सामने आए हैं वे जांचाधीन हैं और अधिकारिक तौर पर किसी भी व्यक्ति पर आरोप लगने/सजायाफ्ता ठहरने से पहले अदालत प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
अधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक सुरक्षा प्राथमिकता है; इसीलिए इलाके में सतर्कता और जांच बढ़ाई गई है। जल्द ही एजेंसियाँ मामले पर विस्तृत आधिकारिक बयान देंगी।
Headlines से और खबरें

Kasganj Pakistan Connection: ATS Jaanch Mein Samne Aaye Chaukane Wale Daave
1 जून 2026
रायबरेली: “ऐ मौलाना बाहर जाओ”, BJP मंत्री राकेश सचान की बात इतनी सी थी, लेकिन दिल को लगी बहुत!
3 मई 2026
झांसी: मौत के गड्ढे में उतरकर बुझाई प्यास, झांसी में 48 घंटे बाद बहाल हुई जलापूर्ति
3 मई 2026