रिपोर्टर – अमित शर्मा | बिधूना, औरैया औरैया जिले में किसानों द्वारा लगातार पराली जलाने और बिना एसएमएस (SMS) फिटिंग के हार्वेस्टिंग मशीन से धान की कटाई किए जाने पर प्रशासन सख्त हो गया है। बिधूना–सहार मार्ग पर मंगलवार को बड़े पैमाने पर पराली जलती मिली, जिसके बाद मौके से गुजर रहे अपर जिला अधिकारी (ADM) औरैया अविनाश चन्द्र ने तत्काल कार्रवाई कराई।

किसानों ने खेतों में जलाई पराली, बढ़ा प्रदूषण
सरकार बार-बार पराली न जलाने और उसे गौशालाओं में भेजने की अपील कर रही है। इसके बदले खाद के रूप में गोबर उपलब्ध कराने की योजना भी चलाई जा रही है, लेकिन इसके बावजूद कई किसान पराली जलाने से बाज नहीं आ रहे। क्षेत्र में लगातार पराली जलने से लोगों को धुएं और प्रदूषण का दंश झेलना पड़ रहा है।
हार्वेस्टिंग मशीनें बिना SMS के चलती मिलीं
ADM अविनाश चन्द्र जब बिधूना सहार रोड से गुजर रहे थे, तभी उन्होंने खेतों में पराली जलती देखी। इसी दौरान दो कम्पेन हार्वेस्टिंग मशीनें धान की कटाई करती मिलीं, जिनमें SMS मशीनरी नहीं लगी थी। यह देखकर प्रशासन मौके पर सक्रिय हो गया।ADM के संकेत पर तहसीलदार और राजस्व टीम ने मशीनों को रोकने की कोशिश की, लेकिन मशीन चालक वाहन लेकर भागने लगे। कर्मचारियों ने खेतों में दौड़ लगाकर दोनों मशीनों को रोक लिया।
ADM ने मौके पर ही दी कार्रवाई की चेतावनी
मौके पर मौजूद ADM अविनाश चन्द्र ने पुलिस बुलाकर दोनों मशीनों को कब्जे में लेकर थाने भेजने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए। पराली जलाकर प्रदूषण फैलाने वाले किसानों पर भी रिपोर्ट दर्ज करने को कहा गया।
ADM अविनाश चन्द्र का बयान
“खेतों में पराली जलाना पूरी तरह प्रतिबंधित है। बिना SMS के मशीन चलाना भी नियम विरुद्ध है। आज जो भी मशीनें और किसान दोषी पाए गए हैं, उनके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जा रही है।” अविनाश चन्द्र, अपर जिला अधिकारी, औरैया
स्थानीय प्रशासन सख्त, आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई
प्रशासन ने साफ किया है कि जिले में पराली जलाने पर किसी तरह की रियायत नहीं मिलेगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले किसान और मशीन मालिकों पर आगे भी इसी तरह कार्रवाई होती रहेगी।
