मां पार्वती को समर्पित सुहागिनों का मंगला गौरी व्रत आज, ये 5 गलतियां बिल्कुल ना हो

सावन माह के सभी मंगलवार को मंगला गौरी व्रत रखा जाता है जो कि देवी पार्वती को समर्पित होता है. ये व्रत सुहागिन महिलाएं सुखी वैवाहिक जीवन के लिए रखती हैं और अविवाहित लड़कियां मनपसंद वर पाने के लिए रखती हैं. आज 4 जुलाई 2026, मंगलवार को इस सावन का पहला मंगला गौरी व्रत है. व्रती महिलाएं आज ध्यान रखें कि उन कामों से बचें, जिन्हें करने की मनाही धर्म-शास्त्रों में की गई है. ताकि व्रत का पूरा फल और माता पार्वती का आशीर्वाद मिल सके.
मंगला गौरी व्रत में न करें ये गलतियां
1-मंगला गौरी व्रत के दिन काला, नीला, ग्रे और सफेद रंग न पहनें. इस दिन लाल रंग पहनना सबसे शुभ माना जाता है. गुलाबी या हरा रंग भी पहन सकते हैं. साथ ही सुहागिनें 16 श्रृंगार भी करें.
2-मंगला गौरी के व्रत के दिन घर में भी लहसुन-प्याज जैसी तामसिक चीजें न बनाएं और ना ही बाहर से तामसिक भोजन लाएं.
3-मंगला गौरी व्रत के दिन बुरा बोलने और नकारात्मक सोचने से बचें. इस दिन सकारात्मक सोचें और अपना ध्यान माता पार्वती के स्मरण में लगाएं.
4-गलती से भी बड़े बुजुर्गों का अपमान न करें. न किसी पर गुस्सा करें.
5-मंगला गौरी व्रत में अनाज का सेवन न करें. यह व्रत केवल फलाहार पर रखा जाता है.
कितने साल में होता है मंगला गौरी व्रत का उद्यापन: मंगला गौरी का व्रत 5 सालों तक लगातार किया जाता है. यह सावन के हर मंगलवार को रखा जाता है. फिर पांचवें वर्ष सावन के अंतिम मंगलवार को विधिपूर्वक मंगला गौरी उद्यापन किया जाता है. अन्य व्रत की तरह बिना उद्यापन किए इस व्रत को भी पूरा नहीं माना जाता है.
16 के अंक का विशेष महत्व: मंगला गौरी व्रत में 16 के अंक का विशेष महत्व है. यानी कि पूजा में माता गौरी को 16 चूड़ियां, 16 बिंदियां, 16 लौंग, 16 इलायची आदि अर्पित की जाती हैं. मान्यता है कि ऐसा करने से पति की आयु लंबी होती है और अखंड सौभाग्य मिलता है. साथ ही व्रत की पूजा में कथा जरूर पढ़ें या सुनें.
मंगला गौरी व्रत पर पूजा मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 05:16 से 05:52 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 01:26 से 02:26 बजे तक
अमृत काल: शाम 04:00 से 05:36 बजे तक
विजय मुहूर्त: शाम 04:26 से 05:26 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त: रात 09:25 से 09:43 बजे तक
मंगला गौरी व्रत तारीख
पहला मंगला गौरी व्रत – 4 अगस्त 2026
दूसरा मंगला गौरी व्रत – 11 अगस्त 2026
तीसरा मंगला गौरी व्रत – 18 अगस्त 2026
चौथा मंगला गौरी व्रत – 25 अगस्त 2026
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